कक्षा 1-12 के लिए मिट्स्योर ओलंपियाड मास्टर्स (MOM)
स्कूल के प्रदर्शन में सुधार
ओलंपियाड की तैयारी अवधारणाओं को मजबूत करती है, जिससे शैक्षणिक परिणाम बेहतर
होते हैं और प्रतियोगी परीक्षाओं में विद्यार्थियों को बढ़त मिलती है।
व्यापक पहुँच और प्रवेश
ओलंपियाड के अवसर प्रदान करके आपका स्कूल उन अभिभावकों की पसंद बनता है जो अपने
बच्चों के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और राष्ट्रीय स्तर के अनुभव को महत्व देते
हैं, जिससे विद्यार्थियों के प्रवेश में भी सहायता मिलती है।
स्कूल की बेहतर पहचान
जब आपके विद्यार्थी पुरस्कार प्राप्त करते हैं, तो आपके स्कूल की सफलता को
मिट्स्योर के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, वेबसाइट और न्यूज़लेटर्स पर प्रमुखता से
प्रदर्शित किया जाएगा, जिससे आपके संस्थान की पहचान और प्रतिष्ठा में उल्लेखनीय
वृद्धि होगी।
सभी के लिए उपलब्धियों का सम्मान
प्रत्येक स्तर पर विद्यार्थियों को योग्य पुरस्कार और पहचान प्रदान की जाएगी।
इसमें कक्षा के शीर्ष विद्यार्थियों के लिए उत्कृष्टता पदक — स्वर्ण, रजत और
कांस्य पदक, प्रतिष्ठित प्रमाणपत्र, सहभागिता प्रमाणपत्र, जिला चैंपियनशिप
प्रमाणपत्र और उत्कृष्टता प्रमाणपत्र, मूल्यवान मिट्स्टोर वाउचर तथा स्तर तीन
(अंतरराष्ट्रीय स्तर) पर सबसे उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों के
लिए विशेष शैक्षणिक यात्रा शामिल है।
संस्थागत प्रमाणन
विजेता विद्यार्थियों वाले प्रत्येक स्कूल को मिट्स्योर की ओर से “प्रशंसा
प्रमाणपत्र” प्राप्त होगा — यह ओलंपियाड में भागीदारी के माध्यम से शैक्षणिक
उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए संस्थान के समर्पण की औपचारिक पहचान है।
मिट्स्योर ओलंपियाड मास्टर्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन के बाद राजस्थान की
गौरांगिनी शर्मा का NASA यात्रा के लिए चयन
राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले के खंडार की बेटी गौरांगिनी शर्मा ने मिट्स्योर
ओलंपियाड मास्टर्स में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उनका प्रतिष्ठित NASA यात्रा
के लिए चयन हुआ है और यह उपलब्धि हासिल करने वाली वह राजस्थान की एकमात्र
छात्रा हैं। वह वर्तमान में विद्या दायिनी सेकेंडरी स्कूल, सवाई माधोपुर की
छात्रा हैं।
जयपुर में आयोजित हुआ राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह
मिट्स्योर ओलंपियाड मास्टर्स के परिणामों की घोषणा जयपुर के होटल मैरियट में
आयोजित राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में की गई। देश के विभिन्न राज्यों से
विद्यार्थी, शिक्षक, प्रधानाचार्य और स्कूल प्रतिनिधि समारोह में शामिल हुए।
चयन के कई चरणों के बाद विज्ञान में उत्कृष्ट प्रदर्शन
गौरांगी ने विज्ञान विषय में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और लिखित परीक्षा एवं
साक्षात्कार सहित चयन प्रक्रिया के सभी चरणों को सफलतापूर्वक पूरा किया। कड़ी
प्रतिस्पर्धा के बाद पूरे देश से केवल चार विद्यार्थियों का NASA यात्रा के लिए
चयन किया गया।
गौरांगी शर्मा के साथ चयनित अन्य विद्यार्थियों में हरियाणा की आयशा तथा मध्य
प्रदेश के शुभ जैन और जयप्रकाश पांडे शामिल हैं।
60 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया,
₹50,000 तक के पुरस्कार
राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में देशभर के 60 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को
विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया। विजेताओं को पदक और प्रशंसा
प्रमाणपत्र के साथ ₹50,000 तक के पुरस्कार प्रदान किए गए।
डॉ. पी. अग्रवाल, प्रो. अनिल धवन और विनोद पंवार ने विद्यार्थियों को
सम्मानित किया और उनकी उपलब्धियों के लिए उन्हें प्रोत्साहित किया।
वैज्ञानिक बनने का सपना
अपनी उपलब्धि के बारे में बात करते हुए गौरांगी शर्मा ने कहा कि NASA जाने का
अवसर मिलना उनके लिए सपने के सच होने जैसा है। उन्होंने बताया कि उनका लक्ष्य
भविष्य में वैज्ञानिक बनना और देश के लिए योगदान देना है।
गौरांगी की उपलब्धि से खंडार और पूरे सवाई माधोपुर जिले में खुशी का माहौल है।
स्कूल प्रबंधन, शिक्षकों और परिवार के सदस्यों ने इस उपलब्धि को उनकी कड़ी
मेहनत, समर्पण और प्रतिभा का परिणाम बताया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना
की।
ग्रामीण प्रतिभाओं को मिला राष्ट्रीय मंच
ओलंपियाड की सबसे बड़ी विशेषताओं में से एक यह रही कि इसमें न केवल महानगरों
बल्कि छोटे शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों ने भी भाग लिया। देश
के लगभग हर जिले से आए स्कूल प्रतिनिधियों को भी समारोह के दौरान सम्मानित किया
गया।
शिक्षकों और प्रधानाचार्यों ने कहा कि मिट्स्योर ओलंपियाड मास्टर्स जैसे मंच
ग्रामीण क्षेत्रों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान
दिलाने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बन रहे हैं।